8th Pay Commission Big Change: आठवां वेतन आयोग का इंतजार करें करोड़ कर्मचारियों और केंद्रीय कर्मचारी प्रश्नों के लिए काफी अच्छी खबर आ चुकी है। केंद्रीय कर्मचारी प्रश्नों का वेतन व अन्य लाभों को संशोधन करने हेतु प्रमुख सदस्यों की नियुक्तियां व संदर्भ की जो शर्तें यानी कि टर्म आफ रेफरेंस को अंतिम रूप दिए जाने के बारे में अभी आधिकारिक रूप से घोषणा नहीं किया गया है। अब कर्मचारियों के निगाहें आठवा वेतन आयोग के सदस्यों की आधिकारिक घोषणा व उनके टर्म्स आफ रेफरेंस पर लगातार टिकी हुई है।
आप सभी की जानकारी के लिए बता देते हैं केंद्र सरकार के माध्यम से इस वर्ष जनवरी में नए आठवां वेतन आयोग की घोषणा किया गया है। तब से लेकर संभावित फिटमेंट फैक्टर के बारे में सोशल मीडिया पर कई खबरें भी चल रही है। कर्मचारियों के बीच यह अपील लगाई जा रही हैं कर्मचारियों के वेतन में बढोत्तरी तो होना है लेकिन कितना फिटमेन्ट फैक्टर लागू होगा यह 20% नहीं है। आठवा वेतन आयोग के तहत संभावित बदलाव के बारे में आपको जानकारी बताया गया है।
आठवा वेतन आयोग में प्रमुख भत्तो के पुनर्गठन का दिया गया प्रस्ताव
शैक्षिक एजेंटीयों को स्थाई समिति के माध्यम से संकेत दिया गया है कि पिछले आयोग की तरह ही आठवां वेतन आयोग में केवल वेतन बल्कि प्रमुख घटनाओं का पुनर्गठन का जो प्रस्ताव है वह जारी करने जा रहा है यह बैठक इस वर्ष मार्च में आयोजित किया गया था मुख्य भक्तों में बड़े बदलाव किए जाने की तैयारी भी चल रही है जिसमें हाउस रेंट अलाउंस और ट्रैवल एलाउंस के साथ-साथ मेडिकल अलाउंस जैसे अपनों भट्ट भी सम्मिलित किया गया है
मेडिकल अलाउंस बढ़कर होगा ₹3000
आप सभी की जानकारी के लिए बता दिया जाता है कि मेडिकल अलाउंस बढ़कर ₹3000 होने वाला है। इस बैठक में पेंशन भोगियों हेतु फिक्स मेडिकल अलाउंस में बड़े बदलाव का प्रस्ताव भी किया गया है मौजूदा 1000 फिक्स मेडिकल अलाउंस दिया जा रहा है अब इसे बढ़ाकर 3000 प्रति महीना किए जाने का प्रस्ताव पारित किया गया है।
यह बढ़ोतरी इसलिए है जरूरी
वर्तमान में जो ₹1000 राशि महंगाई में बेहद कम है और बढ़ते हुए खर्च के मुकाबले काफी अपर्याप्त माना जा रहा है कई पेंशन भोगियों ने सरकार से इसे बढाई जाने की पहले ही अपील किया है।
आठवा वेतन आयोग कब से होगा लागू
आठवां वेतन आयोग जो कि यह बढोत्तरी है 1 जनवरी 2026 से लागू होने की पूरी संभावनाएं हैं। क्योंकि आठवा वेतन आयोग की टर्म आफ रेफरेंस में सम्मिलित होने किए जाने की सिफारिश की गई है इसका सीधा का मतलब है कि यह सिर्फ सुझाव नहीं रहेगा बल्कि इसे आधिकारिक समीक्षा का हिस्सा भी बनाया जाएगा।
फिटमेंट फैक्टर में इतना होगा बढ़ोतरी
इसलिए आयोग में फिटमेंट फैक्टर 2.257 गुना रख दिया गया है। जिससे न्यूनतम वेतन 18000 रुपए निर्धारित किया गया था। अब ख़बरें यहां चल रही है कि सरकार 2.5 से बढ़कर 3.2 करने पर फिटमेंट फैक्टर पर विचार कर रही है अगर ऐसा सरकार करती है तो न्यूनतम वेतन ₹26000 से लेकर 27000 रुपए तक किया जा सकता है और पेंशन मौजूद ₹9000 से बढ़कर करीब ₹25000 तक जा सकता है हालांकि अभी इसका कोई आधिकारिक पोस्ट नहीं हुआ है।